दर दर की ठोकरें खाने के बाद आखिरकार पता चला कि मरीज को वो समस्या थी ही नहीं जिसका ऑपरेशन हुआ
मामले में जिलाधिकारी सहित अन्य अधिकारियों से की गई मामले की शिकायत ,जांच जारी
सारा समय मीडिया
ऊंचाहार रायबरेली । पेट में दर्द पर डॉक्टर ने कर दिया पेट का ऑपरेशन बताया फेफड़ा सड़ गया है ऑपरेशन के बाद मरीज की हालत बिगड़ी ,तो बिना रेफर पेपर के रायबरेली के शुभ हॉस्पिटल के लिए भेजा।
जहां से मरीज को लखनऊ के लिए रेफर किया गया ।
जहां जांच में पाया गया कि मरीज को कोई समस्या ही नहीं थी ऑपरेशन फर्जी तरीके से हो गया है ।
फेफड़ा भी स्वस्थ है ।ऑपरेशन में मरीज से 117000/रुपए भी वसूले गए ।
पूरे मामले को लेकर जिलाधिकारी ,पुलिस अधीक्षक सहित मुख्य चिकित्सा अधिकारी से शिकायत की गई है ।
मामला बीती 23 मई का है ।
उसरैना के पूरे बहराम गांव निवासिनी सुमित्रा को पेट में दर्द उठा ,तो उसे ऊंचाहार के हर्ष हॉस्पिटल लाया गया जहां मरीज को भर्ती किया गया ,जांच के बाद मरीज को बताया गया कि पेट का ऑपरेशन होगा ।
ऑपरेशन भी हुआ ,इसके बाद डॉक्टर ने बताया कि मरीज की आंत सड़ गई है ।अब ये हमारे बस की बात नहीं इन्हें रायबरेली के शुभ हॉस्पिटल ले जाओ , वहां मौजूद हॉस्पिटल संचालिका पुष्पम्मा यादव ने कहा कि मैं टेलीफोन कर देती हूं शुभ हॉस्पिटल में इलाज हो जाएगा ।मरीज को शुभ हॉस्पिटल ले जाया गया जहां रेफर पेपर न होने के कारण पहले तो मरीज को भर्ती नहीं किया जा रहा था ,बाद में पुष्पम्मा यादव के कहने पर मरीज को भर्ती कराया गया किंतु कुछ ही देर बाद मरीज को लखनऊ रेफर कर दिया गया ।
लखनऊ में जांच में जांच के बाद पता चला कि मरीज का फेफड़ा बिल्कुल सही है ।
पूरे मामले को लेकर पीड़िता के पुत्र मोहित ने जिलाधिकारी सहित अन्य अधिकारियों से शिकायत की लेकिन अभी तक कोई कार्यवाही नहीं हुई ।
जिलाधिकारी के आदेशों की अवहेलना ,बेसमेंट में संचालित है हर्ष हॉस्पिटल
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ऊंचाहार । अभी हाल में ही लखनऊ के कोचिंग सेंटर में आग से बड़ा हादसा हुआ जिसमें एक दर्जन से अधिक बच्चों की मौतें हुई ,जिलाधिकारी ने पूर्व में भी बेसमेंट में संचालित कोचिंग सेंटर ,हॉस्पिटल आदि पर रोक लगाई थी ।लखनऊ कांड के बाद मामले सख्ती भी की जा रही है किंतु ऊंचाहार का हर्ष हॉस्पिटल जिलाधिकारियों के निर्देशों की खुलेआम धज्जियां उड़ाते हुए बेसमेंट में संचालित है ।
बिना रजिस्ट्रेशन संचालित हैं मेडिकल स्टोर , हर्ष हॉस्पिटल का लाइसेंस का नवीनीकरण भी नहीं
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ऊंचाहार । उसरैना प्रकरण में सीएमओ ने सीएचसी अधीक्षक को मामले की जांच सौंपी है जिसपर वरिष्ठ चिकित्सक डॉ0 राजेश गौतम मामले की जांच कर रहे हैं ।
डॉ0 राजेश गौतम ने बताया कि प्रकरण में अभी तक हुई जांच में पाया गया कि हर्ष हॉस्पिटल में संचालित मेडिकल स्टोर का रजिस्ट्रेशन नहीं है और न ही हर्ष हॉस्पिटल के नवीनीकरण हुआ है ।
महिला के ऑपरेशन में घोर लापरवाही बरती गई है ।
जांच में पाया गया कि हॉस्पिटल के पैनल में जो भी डॉक्टर हैं उनमें से कोई जांच के दौरान उपस्थित नहीं मिला और न ही कोई बयान देने आ रहा है यहां तक कि डॉक्टरों ने फोन भी उठाना बंद कर दिया है ।
आगे की जांच कार्यवाही की जा रही है।।
क्या कहते हैं हॉस्पिटल संचालक ?
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ऊंचाहार ।हर्ष हॉस्पिटल संचालक हरीश यादव ने बताया कि मरीज सुमित्रा देवी प्रकरण में नारायण हॉस्पिटल की जांच रिपोर्ट हमारे यहां लाई गई थी जो गलत थी।
मरीज को यूट्रस में समस्या थी ।
मरीज का पेट का ऑपरेशन किया गया लेकिन लीवर में मांस ज्यादा चढ़ी थी तो मरीज को रेफर किया गया है ।
हॉस्पिटल रिनिवल के लिए सीएमओ ऑफिस में अप्लाई किया गया है ।
