अरखा के शिवांग क्लीनिक संचालक ने लोगों से खोले अपने पत्ते ,कहा हनक से चल रही क्लीनिक
सारा समय मीडिया
ऊंचाहार रायबरेली । अरखा की शिवांग क्लीनिक की जांच में अधिकारी अभी तक जहां क्लीनिक संचालक को दोषी मान रहे हैं तो वही क्लीनिक संचालक के बोल भी अब बदल गए है ।
शिवांग क्लीनिक संचालक अब लोगों के बीच कहता फिर रहा है कि स्वास्थ्य महकमा उसकी जेब में आ चुका है इसलिए क्लीनिक पूरी हनक के साथ चल रही है ।
यहां ये सोचने वाली बात जरूर है कि जहां एक तरफ क्लीनिक में मरीज भर्ती कर ड्रिप चढ़ाने का वीडियो वायरल होने और मीडिया की सुर्खियां बटोरने के बाद विभाग ने शिवांग क्लीनिक के संचालक को दो दो बार नोटिस थमाई और क्लीनिक रजिस्ट्रेशन सहित अन्य दस्तावेज भी तलब किए थे ।
मामला मीडिया की सुर्खियों में आने के बाद जिलाधिकारी ने भी गंभीरता दिखाते हुए मामले में सीएमओ को कार्यवाही के कड़े निर्देश दिए थे ।
आपकी जानकारी के लिए बता दें कि उक्त क्लीनिक बिना पंजीकरण के मरीजों को भर्ती करके इलाज करता चला आ रहा था ।
फिलहाल मामले में जांच भी हुई पर कार्यवाही स्वास्थ्य विभाग ने अधर में लटका दी ,अब कार्यवाही लटकी क्यों इसके भी पीछे लंबी कहानी है।
बताया जा रहा है कि कहानी के पीछे विभाग का कोई डिप्टी सीएमओ है।
हालांकि मामले में सांठ गांठ का दौर तेज है ।
लेकिन सवाल बड़ा है कि जांच पूरी होने के बाद अगर कार्यवाही रुकती है तो कहीं न कहीं जिलाधिकारी और सूबे के डिप्टी सीएम सहित मुख्यमंत्री की साख को भी विभाग द्वारा बट्टा लगाने वाली बात होगी ।
हालांकि पूरे मामले पर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ0 नवीन चंद्रा से वार्ता करने का प्रयास किया गया किंतु इस मामले में उन्होंने बात करना उचित नहीं समझा ।।
