भारत की जीवंत आत्मा के उपासक थे  पंडित दीनदयाल उपाध्याय – अभिलाष कौशल

Sara Samay News

सारा समय मीडिया

ऊंचाहार , रायबरेली । पंडित दीनदयाल उपाध्याय ने भारत वर्ष की महान और गौरवशाली संस्कृति को अपने चिंतन एवं दर्शन से समृद्ध किया है। उन्होंने अपना संपूर्ण जीवन मानव सेवा, समाज सेवा और राष्ट्र सेवा के लिए समर्पित कर दिया। वो आधुनिक भारत के एक संत तुल्य व्यक्तित्व थे। यह विचार गुरुवार को ऊंचाहार नगर में पंडित दीनदयाल उपाध्याय के जन्मदिन पर आयोजित एक कार्यक्रम में भाजपा ओबीसी मोर्चा के प्रांतीय मंत्री अभिलाष कौशल ने व्यक्त किए।

     उन्होंने कहा कि उनका सामाजिक, आर्थिक, दार्शनिक, आध्यात्मिक और राजनैतिक चिंतन, राष्ट्रवाद और सामाजिक समानता पर आधारित था। वसुधैव कुटुम्बकम की भावना पर आधारित उनका एकात्म मानववाद का दर्शन आधुनिक संदर्भ में आज भी मानव जाति के लिए पथ प्रदर्शक है। उनका मानना था कि पूँजीवाद और साम्यवाद जैसी पाश्चात्य विचारधाराएँ भारतीय समाज के अनुरूप नहीं हैं, क्योंकि इन विचारधाराओं में या तो व्यक्तिवाद को सर्वोपरि रखा गया है या फिर व्यक्ति को राज्य का उपकरण मान लिया गया है। कार्यक्रम में इससे पूर्व पंडित दीनदयाल उपाध्याय के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित करके उन्हें श्रद्धांजलि दी गई।इस अवसर पर प्रमुख रूप से गुड्डन यादव, विनीत कौशल, रघुवीर ,अजय लोधी, कुलदीप अग्रहरि मोहम्मद इरशाद ,राजेंद्र यादव,तूफान सरोज,राहुल सोनी, अजय यादव आदि लोग मौजूद रहे।

error: Content is protected !!